उत्तर प्रदेश भारत का सबसे बड़ा राज्य है। यह राज्य अनेक प्रकार के विविधताओं से भरा पड़ा है। इस राज्य में कई बड़े शहर लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, नोएडा, आगरा अयोध्या और गोरखपुर जैसे कई शहर हैं। जहाँ नौकरी के अनिगिनत अवसर मौजूद हैं। यहाँ लोग भारत के अलग—अलग राज्यों से नौकरी के तलाश में आते रहते हैं। यहाँ कई बड़ी-बड़ी कंपनियां हैं जहाँ बड़ी संख्या में लोग नौकरी करते हैं। यहाँ के युवाओं में प्राइवेट नौकरी के साथ ही सरकारी क्षेत्रों में नौकरी को लेकर भी बहुत ही ज्यादा रुझान देखने को मिलता है। यहाँ आपको हर तरह की नौकरी देखने को मिलती है। आज इस लेख में हम आपको उत्तर प्रदेश में 5 प्रमुख नौकरीयों के बारे में बताएगें।

1-सेल्स एंड मार्केटिंग

महिने के आखिर में मिलने वाली मोटी सेलरी के साथ ही अच्छीखासी इंसेंटिव्स के कारण सेल्स एंड माकर्टिंग की जॉब लोगों के बीच बहुत ही लोकप्रिय है। इसके साथ ही ये ऐसे लोगों की पहली पसंद होती है जिन्हें अलग-अलग जगहों पर जाना और नये-नये लोगों से मिलना पसंद होता है। उत्तर प्रदेश में छोटी-बड़ी हर कंपनी मौजूद है। जहाँ सेल्स एंड मार्केटिंग की नौकरी के कई अवसर मौजूद हैं। और इसके लिये हमेशा हायरिंग चलती रहती हैं। सेल्स मैलेजर्स की बात करें तो इनके ऊपर सेल्स टीम की सारी जिम्मेदारी होती है। सेल्स मैनेजर का काम सेल को बढ़ाना होता है जिसके लिये ये पूरी टीम को साथ लेकर काम करते हैं। इसके साथ ही इन्हें कस्टमर्स के साथ भी डील करना पड़ता है, जो कि काफी चुनौतिपूर्ण काम होता है।

2-टीचर की नौकरी

टीचर की जॉब को एक बेहद ही सम्माननीय दर्जा प्राप्त है। और यही कारण है कि ज्यादातर लोगों की प्रथमिकता होती है अध्यापन के क्षेत्र में जाना। शिक्षा हर किसी की जिंदगी का एक बहुत ही जरुरी तथी अनिवार्य हिस्सा है। आप ग्रेजुएशन के बाद बीएड करके अध्यापक बन सकते हैं। वहीं कॉलेज में प्रोफेसर बनने के लिये आपको यूजीसी नेट की परिक्षा को पास करना होगा, इसके साथ ही आप पोस्ट ग्रेजुएशन के बाद एमफिल या पीएचडी करके भी प्रोफेसर बन सकते हैं। उत्तर प्रदेश में टीचर की जॉब बहुत ही बड़ी संख्या में उपलब्ध है। यहाँ के स्कूल, कॉलेलज तथा यूनिवर्सिटीज में टीचर और प्रोफेसर्स की बहुत ज्यादा डिमांड रहती है।

3-डॉक्टर

आज भी ज्यादातर लोगों की पहली पसंद होती है डॉक्टर बनना। और यह केवल उत्तर प्रदेश ही नहीं बल्कि पूरे भारत का हाल है। जहाँ सारे माता-पिता का ये सपना होता है कि उनका बच्चा बड़ा होकर डॉक्टर बनें। और यही कारण है कि इस प्रोफेशन में ज्यादा से ज्यादा लोग जाते हैं। इतना ही नहीं इस प्रोफेशन में इज्जत के साथ ही साथ पैसे भी बेशुमार होता है। ये भी एक वजह है जिससे ज्यादातर युवा इस क्षेत्र में कैरियर बनाना चाहते हैं। मेडिकल फिल्ड में आपको सरकारी के साथ ही प्राइवेट संस्थानों में भी नौकरी का अवसर मिलता है। भारतीयों के लिये मेडिकल एक परंपरागत कैरियर विकल्पों में से एक है। जिसके वजह से ये हमेशा टॉप जॉब चॉइसेस में से एक रहता है।

4-मैनेजमेंट प्रोफेशनल्स

मैनेजमेंट प्रोफेशनल का रोल भी काफी बड़ा है। इनका व्यापार के सभी क्षेत्रों जैसे मार्केटिंग, फाइनेंन्स, ह्यूमन रिसोर्स, ऑपरेशन्स और लॉजिस्टिक इन सभी में बहुत ही बड़े पैमाने पर दखल रखते हैं। इस क्षेत्र में कैरियर बनाने के लिये आपके पास एमबीए की डिग्री होना अनिवार्य है। किसी भी अच्छे बिजनेस स्कूल से एमबीए की पढ़ाई करने के बाद आप इस फिल्ड में कैरियर बना सकते हैं। वैसे तो पूरे भारत में आज अनगिनत बिजनेस स्कूल मौजूद हैं। जहाँ से अपनी सुविधा के हिसाब से पढाई की जा सकती है। लेकिन अगर आप कुछ चुनिंदा अच्छे बिजनेस स्कूल से एमबीए की डिग्री लेते हैं तो आपको नौकरी के लिये भटकने की जरुरत नहीं पड़ती है। भारत के सभी टॉप विजनेस स्कूल के द्वारा अपने छात्रों का कैंपस प्लेसमेंट कराया जाता है। 

5-बैंकिंग सेक्टर

बैंकिंग सेक्टर में नौकरी उत्तर प्रदेश में लोगों की बड़ी पसंद में से एक है। ज्यादातर युवा 12वीं के बाद अथवा ग्रेजुएशन के बैंकिंग जॉब्स के लिये खास तौर पर तैयारी करने लगते हैं। 12वीं के बाद ज्यादातर जॉब्स क्लर्क कैडर की होती है। इसके साथ ही 12वीं के बाद क्लर्क के अलावा असिस्टेंट लेवल और डाटा एंट्री जैसे नौकरियों के विकल्प भी मौजूद होते हैं। वहीं ग्रेजुएशन के बाद बैंक पीओ परिक्षा देकर प्रोबेशनरी ऑफिसर बन सकते हैं। जिसके लिये न्यूनतम योग्यता ग्रेजुएशन होता है। आईबीपीएस के द्वारा पूरे भारत में बैंकिंग क्षेत्र में उम्मीदवारों के नियुक्ति के लिये परिक्षायें आयोजित की जाती है। इसका पूरा नाम इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सनल सलेक्शन (आईबीपीएस) है।

 

 

 

Language